नई दिल्ली । डॉक्टरों की मानें तो इस बात का ध्यान रखना बहुत ही जरूरी है कि हम क्या खा रहे हैं और कैसे खा रहे हैं। यह तो सबको मालूम है कि प्रोसेस्ड फूड हेल्थ के लिए बिल्कुल अच्छा नहीं होता और हमें इसे कम से कम खाने की कोशिश करनी चाहिए। जानकारी के मुताबिक कई लोग प्रोसेस्ड फूड खाना काफी पसंद करते हैं जिनमें पिज्जा, बर्गर, शुगर युक्त स्नैक्स, केक आदि शामिल हैं। जानकारी के मुताबिक शुगर और प्रिजरवेटिव्स युक्त इन अल्ट्रा प्रोसेस्ड फूड्स को खाने से हार्ट संबंधी रोगों का खतरा बढ़ रहा है। सिर्फ इतना ही नहीं इनका सेवन करने से समय से पहले मौत की संभावना भी बनी रहती है। 
एक रिपोर्ट के अनुसार इटली के वैज्ञा‎निकों के एक ग्रुप ने 35 वर्ष और उससे अधिक उम्र के 24,325 पुरुष और महिलाओं की लाइफस्टाइल को 10 साल तक फॉलो किया और कुछ आंकड़े इकट्ठा किए। इसमें उन पुरुष और महिलाओं की खाने की आदतें और हेल्थ का विवरण मौजूद था। इस रिपोर्ट से पता चला कि जिन लोगों ने अधिक मात्रा में अल्ट्रा प्रोसेस्ड फूड्स का सेवन किया था उनमें कार्डियोवास्कुलर रोग, हार्ट अटैक और स्ट्रोक का खतरा अधिक दिखाई दिया, जबकि प्रोसेस्ड फूड का सेवन न करने वालों में यह खतरा कम था। जिन प्रतिभागियों ने अधिक अनहेल्दी खाना खाया, उन्हें अल्ट्रा प्रोसेस्ड फूड के रूप में अपने दैनिक कैलोरी का कम से कम 15 प्रतिशत ही प्राप्त हुआ। प्रोसेस्ड फूड का सेवन करने पर एक दिन में 300 से 1250 कैलोरी शरीर इनटेक करता है। यह हॉट डॉग, कैंडी बार, सोडा और इस तरह के दो से आठ सर्विंग्स के बराबर ही है। इस प्रकार, उस श्रेणी के लोगों को अपने दूसरे साथियों की तुलना में हृदय रोग से मरने की संभावना 58 प्रतिशत अधिक थी, जो कम से कम अल्ट्रा प्रोसेस्ड भोजन का सेवन करते थे। उनमें स्ट्रोक या एक अन्य प्रकार के सेरेब्रोवास्कुलर रोग से मरने की संभावना 52 प्रतिशत अधिक थी। 
पहले से किए गए अध्ययनों में भी यह पता चला है कि अल्ट्रा प्रोसेस्ड फूड अधिक स्वादिष्ट होते हैं, जिससे लोगों को अधिक भूख लगती है। वहीं अधिक खाना खाने से वजन बढ़ने की संभावना भी बनी रहती है। एक्सपर्टस की माने तो आज के समय में सबसे ज्यादा जरूरी शारीरिक और मानसिक रूप से स्वस्थ रहना है। खुद को हेल्दी रखने के लिए एक अच्छी लाइफस्टाइल और हेल्दी फूड्स का सेवन बहुत ही जरूरी हैं। जिन चीजों का हम सेवन करते हैं वह न केवल हमें हेल्दी और फिट रखते हैं बल्कि हमें हर काम को सही तरीके से करने के लिए सक्षम भी बनाते हैं।